
ओटावा। Maninder Sidhu, कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री, ने कहा है कि भारत और कनाडा के बीच व्यापार समझौते को लेकर बातचीत तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि इस बार भारत से इतिहास का सबसे बड़ा कारोबारी प्रतिनिधिमंडल कनाडा पहुंचा है, जो दोनों देशों के आर्थिक रिश्तों को नई दिशा देगा।
Piyush Goyal और मनींदर सिद्धू ने संयुक्त प्रेस वार्ता के दौरान दोनों देशों के बीच बढ़ते आर्थिक सहयोग पर जोर दिया। सिद्धू ने कहा कि भारत के साथ आर्थिक साझेदारी को लेकर कनाडा में काफी उत्साह है और देशभर के कारोबारी संगठन तथा चैंबर ऑफ कॉमर्स इस दिशा में सकारात्मक संकेत दे रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पीयूष गोयल का यह दौरा बेहद अहम समय पर हो रहा है, खासकर व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (CEPA) और मार्च में हुए 2.6 अरब कनाडाई डॉलर के यूरेनियम समझौते के बाद।
सिद्धू ने बताया कि अगले 48 घंटों में दोनों देशों के मुख्य वार्ताकार बैठक करेंगे। अब तक बातचीत के दो दौर पूरे हो चुके हैं और इस साल के भीतर समझौते को अंतिम रूप देने के लिए लगातार संपर्क में रहा जा रहा है। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि दोनों पक्षों के बीच “व्हाट्सऐप डिप्लोमेसी” भी जारी है।
उन्होंने यह भी घोषणा की कि वह इस साल के अंत में कनाडाई व्यापार मिशन के साथ भारत का दौरा करेंगे, ताकि दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंधों को और मजबूत किया जा सके।
वहीं पीयूष गोयल ने कहा कि हाल ही में Mark Carney की भारत यात्रा ने दोनों देशों के रिश्तों को नई दिशा दी है। उन्होंने कहा कि आठ साल बाद किसी कनाडाई प्रधानमंत्री की भारत यात्रा हुई और इससे भारत-कनाडा संबंधों में बड़ा बदलाव देखने को मिला।
गोयल ने कहा कि दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों ने इस साल के अंत तक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को पूरा करने का लक्ष्य तय किया है। साथ ही 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को मौजूदा 17 अरब डॉलर से बढ़ाकर 50 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने कहा कि भारत और कनाडा दो मजबूत लोकतांत्रिक अर्थव्यवस्थाएं हैं, जो साझा समृद्धि, वैश्विक शांति और आर्थिक विकास में अहम भूमिका निभा सकती हैं।
With inputs from IANS