
मुंबई: भारतीय शेयर बाजार में अगले सप्ताह सीमित दायरे में कारोबार होने की संभावना है, हालांकि बाजार का रुख सतर्क सकारात्मक बना रह सकता है। विश्लेषकों का मानना है कि प्रमुख सूचकांकों के लिए कुछ अहम प्रतिरोध स्तर सामने हैं, लेकिन हालिया उतार-चढ़ाव के बावजूद बाजार की व्यापक मजबूती बरकरार है।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, सेंसेक्स के लिए 77,800 से 78,000 का स्तर तत्काल प्रतिरोध क्षेत्र रहेगा, जबकि निफ्टी के लिए 24,400 से 24,600 के बीच का दायरा सबसे बड़ी चुनौती माना जा रहा है। यदि दोनों सूचकांक इन स्तरों को मजबूती से पार कर लेते हैं, तो बाजार में तेजी का नया दौर शुरू हो सकता है।
पिछले सप्ताह भारतीय शेयर बाजार चार सप्ताह की लगातार बढ़त के बाद मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ। पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल से निवेशकों की धारणा प्रभावित हुई।
सप्ताह की शुरुआत सकारात्मक रही थी। कच्चे तेल की नरम कीमतों, पहली तिमाही के उत्साहजनक कारोबारी अपडेट, सामान्य मानसून की प्रगति और विभिन्न क्षेत्रों में खरीदारी से बाजार को समर्थन मिला। हालांकि, सप्ताह के मध्य में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक बाजारों में बिकवाली का माहौल पैदा कर दिया, जिसका असर भारतीय बाजार पर भी देखने को मिला।
विशेषज्ञों का कहना है कि सेंसेक्स ने महत्वपूर्ण अल्पकालिक स्तरों को दोबारा हासिल करने के बाद मजबूती दिखाई और इसमें लगातार खरीदारी का रुख बना रहा।
उनके अनुसार, यदि सेंसेक्स 77,800 से 78,000 के प्रतिरोध क्षेत्र को पार कर लेता है, तो यह 78,400 से 78,600 के स्तर तक पहुंच सकता है।
वहीं, नीचे की ओर 77,300 से 77,200 का स्तर तत्काल समर्थन प्रदान कर सकता है, जबकि 77,000 का स्तर मनोवैज्ञानिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यदि यह स्तर टूटता है, तो मुनाफावसूली बढ़ सकती है और सेंसेक्स 76,700 से 76,500 तक फिसल सकता है।
निफ्टी की बात करें तो पिछले सप्ताह इसमें काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला, लेकिन निचले स्तरों से इसमें अच्छी रिकवरी भी दर्ज की गई।
विश्लेषकों के अनुसार, निफ्टी के लिए 23,800 से 24,000 का स्तर तत्काल समर्थन क्षेत्र है, जबकि 23,650 पर मजबूत आधार मौजूद है। दूसरी ओर, 24,400 से 24,600 का प्रतिरोध क्षेत्र निर्णायक रहेगा। यदि निफ्टी इस दायरे को मजबूती से पार कर लेता है, तो इसके 25,000 के स्तर की ओर बढ़ने की संभावना मजबूत हो जाएगी।
With inputs from IANS