
एसोचैम (Assocham) के एक नए अध्ययन के अनुसार, भारत और यूके के बीच हुआ मुक्त व्यापार समझौता (FTA) दोनों देशों के द्विपक्षीय व्यापार को साल 2025-26 के 58 अरब डॉलर से बढ़ाकर 2030 तक 115 अरब डॉलर तक पहुंचा सकता है। 15 जुलाई 2026 से लागू हो चुके इस समझौते से देश के युवाओं के लिए 7 से 10 लाख नए रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
अध्ययन के मुताबिक, कपड़ा, चमड़ा, इंजीनियरिंग सामान, फार्मास्यूटिकल्स और ऑटोमोटिव जैसे श्रम-प्रधान (labour-intensive) उद्योगों में बाजार की पहुंच बढ़ने से निर्यात और रोजगार दोनों को भारी बढ़ावा मिलेगा।
एसोचैम के अध्यक्ष निर्मल के. मिंडा ने कहा कि इस अवसर का पूरा लाभ उठाने के लिए भारतीय व्यवसायों को अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों और नियमों का पालन करना होगा। उन्होंने बताया कि आसान सीमा शुल्क और डिजिटल व्यापार नियमों से एमएसएमई (MSMEs) को बढ़ने में मदद मिलेगी, जिससे एक मजबूत और लचीली वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला तैयार होगी।
With inputs from IANS