





मुंबई: रियलिटी शो 'लॉक अप: सच या सज़ा' की प्रतिभागी आकांक्षा चौधरी ने खुलासा किया है कि पिछले शो 'स्प्लिट्सविला 16' के दौरान और उसके बाद लगे आरोपों का उनकी मानसिक सेहत पर गहरा असर पड़ा था। उनका कहना है कि नया शो उन्हें अपनी बात खुलकर रखने और सभी सवालों के जवाब देने का मौका देगा।
आकांक्षा ने कहा कि 'स्प्लिट्सविला 16' के दौरान उन पर कई ऐसे आरोप लगे, जिनकी सच्चाई सामने नहीं आ सकी। उन्होंने कहा, "मेरे फैंस अब भी उन सवालों के जवाब का इंतजार कर रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि 'लॉक अप: सच या सज़ा' मुझे अपनी बात रखने का सही मंच देगा। उन आरोपों का मेरी मानसिक स्थिति पर काफी असर पड़ा था।"


'स्प्लिट्सविला 16' में आकांक्षा और योगेश की नजदीकियां चर्चा में रही थीं। हालांकि, शो में योगेश की पूर्व गर्लफ्रेंड रुरु की एंट्री के बाद रिश्तों में नया मोड़ आया। फिनाले के दौरान भी विवाद हुआ, जब कई लोगों ने आरोप लगाया कि योगेश ने रुरु को धोखा देकर आकांक्षा के साथ रिश्ता बनाया।
आकांक्षा ने कहा कि पिछले शो से उन्होंने एक बड़ी सीख ली है। उन्होंने बताया, "इस बार मैं किसी तरह की ओवर-प्रिपरेशन नहीं करूंगी। दर्शकों को 'आकांक्षा 3.0' देखने को मिलेगी। मुझे पता है कि शो में काफी उतार-चढ़ाव होंगे, लेकिन मैं उनका पूरा आनंद लूंगी। लोग मुझे अलग-अलग रणनीतियां बता रहे हैं, लेकिन मैं बिल्कुल खाली दिमाग के साथ शो में जा रही हूं। इस बार मेरा सिर्फ एक ही लक्ष्य है—ट्रॉफी जीतकर लौटना।"


'लॉक अप: सच या सज़ा' में आकांक्षा के अलावा राम कपूर, पामेला सेरेना और शिवांगी जोशी समेत कई चर्चित चेहरे भी नजर आएंगे। यह शो 27 जून से नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम हो रहा है।
गौरतलब है कि 'लॉक अप' का पहला सीजन 2022 में आया था, जिसे कंगना रनौत ने होस्ट किया था। उस सीजन में करण कुंद्रा जेलर की भूमिका में नजर आए थे, जबकि मुनव्वर फारूकी विजेता बने थे।
शो के दूसरे सीजन में 14 कैदी, दो जेलर और छह सप्ताह तक चलने वाला मुकाबला होगा। प्रतियोगियों को खाने-पीने की चीजों और अन्य बुनियादी सुविधाओं के लिए टास्क पूरे कर इन-गेम करेंसी अर्जित करनी होगी। इस बार रितेश देशमुख और फराह खान शो में जेलर की जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
With inputs from IANS
