
रांची- झारखंड के वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने मंगलवार को विधानसभा में वर्ष 2026–27 के लिए 1.58 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश किया। उन्होंने इसे “अबुआ दिशोम बजट” बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य राज्य में समावेशी, सतत और कल्याणकारी विकास को आगे बढ़ाना है।
वित्त मंत्री ने कहा कि यह बजट “अबुआ झारखंड” (हमारा झारखंड) का रोडमैप है, जो गरीबों के जीवन में खुशहाली लाने के संकल्प को दर्शाता है। बजट का आकार पिछले वर्ष की तुलना में लगभग नौ प्रतिशत अधिक है।
अपने भाषण में उन्होंने केंद्र सरकार पर पर्याप्त वित्तीय सहयोग न देने का आरोप लगाया और कहा कि कर हिस्सेदारी व अनुदानों में राज्य को करीब 16,000 करोड़ रुपये कम मिले हैं। उन्होंने जीएसटी दरों के युक्तिकरण और केंद्रीय योजनाओं की 60:40 वित्तीय व्यवस्था से राज्य पर अतिरिक्त बोझ की भी बात कही।
इन चुनौतियों के बावजूद, राज्य सरकार ने कर्मचारियों के वेतन का समय पर भुगतान सुनिश्चित किया और मुख्यमंत्री मैया सम्मान योजना सहित सामाजिक कल्याण योजनाओं पर बड़े पैमाने पर खर्च किया। बजट में महिला सशक्तिकरण, स्वास्थ्य, कृषि, ग्रामीण विकास और शिक्षा को विशेष प्राथमिकता दी गई है।
With inputs from IANS