
RANCHI: विधानसभा चुनाव के समय एक पोस्टर वार चल था, हेमंत है तो हिम्मत है। राज्यसभा चुनाव में एक बार हेमंत सोरेन ने फिर साबित कर दिया कि झारखंड में माइनस हेमंत किसी की हिम्मत नहीं चलेगी। काँग्रेस पार्टी द्वारा बिना हेमंत सोरेन को विश्वास में लिए प्रत्याशी देने के बाद हेमंत के तेवर से झारखंड काँग्रेस ही नहीं बल्कि दिल्ली दरबार भी हिल गया। झारखंड काँग्रेस के नेता लगातार यह कह रहे हैं कि हमका माफी दे दे साहेब अब तो स्थिति यह हो गई है कि हेमंत सोरेन के पास राहुल गांधी और मलिकार्जुन खड़गे का भी त्राहिमाम संदेश आ गया है। काँग्रेस पार्टी ने जिन्हें राज्यसभा के लिए प्रत्याशी बनाया है वह प्रणब झ काँग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मलिकार्जुन खड़गे के राजनीतिक सलाहकार हैं। यह तो तय है कि काँग्रेस पार्टी बिना हेमंत सोरेन के समर्थन के चुनाव नहीं जीत सकती है। हर हाल में काँग्रेस को झामुमो का साथ चाहिए। झामुमो का साथ नहीं मिलेगा तो काँग्रेस का हारना ते है। जिसे प्रत्याशी बनाया है यदि वह हार जाता है तो काँग्रेस की राष्ट्रीय स्तर पर भद पिटेगी।
दोनों सीट पर इंडिया गठबंधन निकलेगा लिख लीजिए : बंधु तिर्की
काँग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की ने कहा कि गठबंधन में कुछ बातें होती है लेकिन उसे मिल बैठकर सुलझा लिया जाता है। उन्होनें कहा कि झामुमो जिस बात को कह रही है उसपर पार्टी के भीतर विचार हुआ। उन्होनें बताया कि झामुमो और काँग्रेस के बीच जो खटास उत्पन्न हुआ था वह समाप्त हो गया है। काँग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मलिकार्जुन खड़गे, हमारे सर्वमान्य नेता राहुल गांधी और केसी बेनुगोपाल की मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से बात हो गई है। सबकुछ ठीक हो गया है। राज्यसभा की दोनों सीटों पर इंडिया गठबंधन जीतेगा यह लिख लीजिए।