

Chaibasa Police: झारखंड पुलिस को मानव तस्करी के खिलाफ अभियान में बड़ी सफलता मिली है। शनिवार सुबह दिल्ली में संयुक्त कार्रवाई के दौरान झारखंड की एक वांछित मानव तस्कर को गिरफ्तार कर लिया गया। इसी अभियान में खूंटी जिले की मानव तस्करी की शिकार एक नाबालिग बालिका को भी सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। यह कार्रवाई महिला एवं बाल विकास विभाग के तहत संचालित एकीकृत पुनर्वास सह संसाधन केंद्र, झारखंड भवन, नई दिल्ली के समन्वय में चाईबासा पुलिस, दिल्ली पुलिस और एक स्थानीय एनजीओ की संयुक्त टीम ने की।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ वर्ष 2023 से चाईबासा में मानव तस्करी के कई मामले दर्ज थे। अदालत से उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट भी जारी किया गया था। चाईबासा पुलिस पहले भी कई बार दिल्ली में उसकी तलाश कर चुकी थी, लेकिन सफलता नहीं मिली। इस बार संयुक्त टीम ने दो से तीन दिनों तक आरोपी के संभावित ठिकानों की निगरानी की और शनिवार सुबह करीब छह बजे छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। अदालत में पेश किए जाने के बाद पुलिस को चार दिन की रिमांड भी मिल गई है।
अभियान के दौरान एक अन्य आरोपी को भी हिरासत में लिया गया। उसके ठिकाने से खूंटी जिले की एक नाबालिग बालिका को सुरक्षित बरामद किया गया। बालिका का मेडिकल परीक्षण कराया गया है और फिलहाल उसे सुरक्षित गृह में रखा गया है। नियमानुसार उसे बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा, जिसके बाद पुनर्वास की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
महिला एवं बाल विकास विभाग के सचिव उमाशंकर सिंह ने कहा कि राज्य सरकार मानव तस्करी के मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। सभी जिलों को ऐसे मामलों में तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत पड़ने पर जिला समाज कल्याण पदाधिकारी और जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी की टीम को तुरंत दिल्ली भेजा जाता है, ताकि पीड़ित बच्चों और महिलाओं का सुरक्षित रेस्क्यू और पुनर्वास सुनिश्चित किया जा सके।
विभाग के अनुसार अब तक झारखंड के सैकड़ों बच्चों और महिलाओं को मानव तस्करी के चंगुल से मुक्त कर सुरक्षित पुनर्वास कराया जा चुका है। अधिकारियों का कहना है कि पुनर्वास के बाद पीड़ितों को राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ा जाता है और उनकी नियमित निगरानी भी की जाती है, ताकि वे दोबारा मानव तस्करी के जाल में न फंसें। पूरी कार्रवाई झारखंड भवन के स्थानिक आयुक्त अरवा राजकमल के निर्देशन में संपन्न हुई।
