





RANCHI : झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र का दूसरा दिन हंगामे की बलि चढ़ गया। शुक्रवार को सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष के विधायकों ने JPSC और JSCC परीक्षाओं को रद्द करने की मांग को लेकर सदन में जमकर हंगामा और नारेबाजी की।विपक्ष के हंगामे के बीच वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने चालू वित्तीय वर्ष के लिए 8399 करोड़ रुपये का प्रथम अनुपूरक बजट सदन में पेश किया। अनुपूरक बजट पर सोमवार को चर्चा होगी। इसके साथ ही स्पीकर रवींद्र नाथ महतो ने सभा की कार्यवाही सोमवार तक के लिए स्थगित कर दी।
झारखंड विधानसभा का मानसून सत्र शुरू होते ही प्रश्नकाल के दौरान विपक्षी सदस्यों ने वेल में घुसकर नारेबाजी शुरू कर दी। विपक्षी विधायक JPSC और JSSC की परीक्षाओं को रद्द करने की मांग को लेकर जोरदार हंगामा करने लगे। विपक्ष की ओर से विभिन्न परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की CBI जांच कराने की मांग भी की जा रही थी। वेल में विपक्षी विधायकों की नारेबाजी लगातार जारी रही, जबकि इसी हंगामे के बीच स्पीकर प्रश्नकाल की कार्यवाही आगे बढ़ाते रहे।विपक्ष के लगातार हंगामे और नारेबाजी के बीच सदन की कार्यवाही चलाने की कोशिश की गई, लेकिन स्थिति को देखते हुए स्पीकर ने सुबह 11:17 बजे सभा की कार्यवाही को दोपहर 12:30 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया। इससे पहले नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मारांडी ने कहा कि पिछले छह वर्षों में जीतने भी परीक्षाएं हुई है सभी में व्यापक पैमाने पर गड़बड़ी हुई है। उन्होनें कहा कि मैं सदन से विनम्र निवेदन करता हूँ कि जिस मुद्दे पर राज्य के छात्र बारिश में बैठे हैं, सरकार तत्काल उसे रद्द करे और अदालत की निगरानी में सीबीआई जांच कराए। इसपर संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में जब यह ते हो गया है कि अनुपूरक बजट पर वाद-विवाद के दौरान ही इस विषय पर चर्चा करा ली जाएगी तो सदन का अभी समय बर्बाद नहीं होना चाहिए। काँग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने कहा कि छात्रों के आंदोलन पर सत्ता पक्ष के लोग भी उनके साथ हैं। उनकी मांगों पर सरकार ने तत्परता दिखाई है। कई लोग जेल के अंदर जा चुके हैं। सीबीआई पूरी तरह से पोलिटिकल एजेंसी है। उन्होनें कहा कि छात्रों से बातचीत करके समाधान निकालना चाहिए। इसी बीच स्पीकर रवींद्र नाथ महतो ने कहा कि पहले नीट वाला होगा या JPSC वाला होगा। मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने कहा कि पहली और दूसरी JPSC की जांच सीबीआई को दिया गया उसका क्या हुआ। उन्होनें कहा कि विपक्ष के नेताओं के रिस्तेदार जो गलत तरीके से नियुक्त होकर अधिकारी बने हुए हैं उसपर क्या कहेंगे। दोपहर 12:30 बजे जैसे ही झारखंड विधानसभा की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई, विपक्षी विधायक फिर वेल में पहुंच गए और नारेबाजी शुरू कर दी। विपक्षी विधायक ‘नौकरी चोर, गद्दी छोड़’ के नारे लगाते हुए सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते रहे। लगातार नारेबाजी के बीच विधानसभा अध्यक्ष रवींद्र नाथ महतो सदन की कार्यवाही संचालित करते रहे। विपक्ष के हंगामे के बीच सदन में विभिन्न समितियों की रिपोर्ट पेश की गईं। इसी दौरान वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने 8,399 करोड़ रुपये का पहला अनुपूरक बजट सदन में पेश किया।
अनुपूरक बजट में सबसे ज्यादा ग्रामीण विकास विभाग के लिए राशि का प्रावधान
वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने जो प्रथम अनुपूरक बजट सदन में पेश किया है उसमें सबसे ज्यादा राशि ग्रामीण विकास विभाग के लिए प्रावधान किया गया है। बजट में ग्रामीण विकास विभाग को अनुपूरक बजट की आधी राशि यानि 4258 करोड़ रुपये का प्रावधान है। इसके अलावा ग्रामीण कार्य विभाग के लिए 885 करोड़ और पंचायती राज विभाग के लिए 224 करोड़ रुपये का प्रावधान है। अनुपूरक में शिक्षा विभाग के लिए 946 करोड़, PHED के लिए 271 करोड़, आपदा प्रबंधन के लिए 490 करोड़, खान भूतत्व के लिए 173 करोड़, स्वास्थ्य विभाग के लिए 216 करोड़, गृह विभाग के लिए 173 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। अनुपूरक बजट में व्याज अदायगी के लिए 152 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
