झारखंड में नए आपराधिक कानूनों पर अब पुलिस मुख्यालय की सीधी नजर, महीने में दो बार होगी समीक्षाBy Mid Time Bureau Thu, 20 August 2026 01:10 PM

Ranchi: झारखंड में नए आपराधिक कानूनों को लेकर अब निगरानी और समीक्षा का दायरा और बढ़ा दिया गया है। कानूनों के लागू होने के बाद उनके तहत हो रही कार्रवाई, जांच और कामकाज की स्थिति पर अब पुलिस मुख्यालय स्तर से लगातार नजर रखी जाएगी। इसके लिए गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने हर महीने नियमित समीक्षा बैठक करने का आदेश जारी किया है।

विभाग के आदेश के मुताबिक, हर महीने की पहली और 15वीं तारीख को नए आपराधिक कानूनों को लेकर समीक्षा बैठक होगी। अगर इन दोनों तारीखों में सरकारी अवकाश रहता है, तो बैठक अगले कार्यदिवस पर आयोजित की जाएगी।

इस नई व्यवस्था के तहत झारखंड में पहली समीक्षा बैठक 21 अगस्त को होगी। बैठक सुबह 11:30 बजे शुरू होगी और इसकी अध्यक्षता गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अपर मुख्य सचिव करेंगे। बैठक में नए आपराधिक कानूनों के साथ-साथ राज्य से जुड़े दूसरे महत्वपूर्ण मामलों की भी समीक्षा की जाएगी।

इस बैठक की तैयारी और संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय की जिम्मेदारी अभियान आईजी नरेंद्र कुमार सिंह को दी गई है। उन्हें इस पूरी व्यवस्था के लिए नोडल अधिकारी बनाया गया है। यानी बैठक से पहले जरूरी जानकारी जुटाने से लेकर संबंधित अधिकारियों के साथ तालमेल बनाने तक की जिम्मेदारी उन्हीं की होगी।

बैठक को लेकर पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को भी जानकारी भेजी गई है। पुलिस महानिदेशक, अपर पुलिस महानिदेशक और पुलिस महानिरीक्षकों के अलावा अभियोजन निदेशालय, विधि विज्ञान प्रयोगशाला, एनआईसी-सीआईजेएस और अन्य संबंधित अधिकारियों को भी बैठक में शामिल होने के लिए सूचना दी गई है।

दरअसल, नए आपराधिक कानून लागू होने के बाद पुलिस की जांच और कार्रवाई से जुड़ी कई प्रक्रियाओं में बदलाव आया है। ऐसे में सरकार अब यह सुनिश्चित करना चाहती है कि नए कानूनों को लागू करने में किसी तरह की परेशानी न हो और अगर कहीं कोई दिक्कत सामने आती है, तो उस पर समय रहते फैसला लिया जा सके।

अब हर महीने दो बार होने वाली समीक्षा बैठकों में कानूनों के तहत हो रहे काम की स्थिति पर नजर रखी जाएगी। 21 अगस्त की पहली बैठक से झारखंड में इस नई निगरानी व्यवस्था की शुरुआत होने जा रही है।