8 से 11 सितंबर तक झारखंड में भाजपा का बड़ा आंदोलन, 24 जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन, DC-SP कार्यालयों के घेराव का ऐलानBy Mid Time Bureau Tue, 08 September 2026 11:15 AM

रांची: झारखंड में सरकारी भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और छात्रों पर दर्ज मुकदमों के मुद्दे को लेकर भाजपा ने चार दिवसीय राज्यव्यापी आंदोलन की तैयारी पूरी कर ली है। 8 से 11 सितंबर तक राज्य के 24 जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन किया जाएगा और डीसी व एसपी कार्यालयों का घेराव किया जाएगा।

भाजपा का कहना है कि JPSC, JSSC CGL समेत विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच, परीक्षा में अनियमितता करने वाले दोषियों की गिरफ्तारी और पूरे मामले की CBI जांच होनी चाहिए। इसके साथ ही शांतिपूर्ण आंदोलन करने वाले छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग भी आंदोलन का प्रमुख मुद्दा है।

पार्टी के प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी के अनुसार, राज्य सरकार को पहले ही छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने के लिए अल्टीमेटम दिया गया था। भाजपा के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य सचिव के माध्यम से सरकार तक अपनी मांग पहुंचाई थी, लेकिन निर्धारित समय में सरकार की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई। इसके बाद भाजपा ने राज्यव्यापी आंदोलन का निर्णय लिया।

किस जिले में कौन संभालेगा आंदोलन की कमान?

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के निर्देश पर आंदोलन के लिए पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को अलग-अलग जिलों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

आदित्य साहू

8 सितंबर — रांची
9 सितंबर — सरायकेला
11 सितंबर — खूंटी

बाबूलाल मरांडी

8 सितंबर — दुमका
9 सितंबर — पाकुड़
10 सितंबर — साहिबगंज
11 सितंबर — गोड्डा

रघुवर दास

8 सितंबर — हजारीबाग
10 सितंबर — धनबाद
11 सितंबर — लोहरदगा

मधु कोड़ा

8 सितंबर — जमशेदपुर
9 सितंबर — बोकारो
11 सितंबर — रामगढ़

समीर उरांव

9 सितंबर — सिमडेगा
10 सितंबर — गुमला और चाईबासा
11 सितंबर — गिरिडीह

संजय सेठ

8 सितंबर — गढ़वा

रवींद्र राय

10 सितंबर — चतरा
11 सितंबर — जामताड़ा

दीपक प्रकाश

9 सितंबर — पलामू
10 सितंबर — लातेहार

नवीन जायसवाल

9 सितंबर — कोडरमा

नीरा यादव

11 सितंबर — देवघर
चार दिनों में 24 जिलों में होगा प्रदर्शन

भाजपा के मुताबिक आंदोलन का कार्यक्रम चार चरणों में आयोजित किया जाएगा।

8 सितंबर: रांची, दुमका, हजारीबाग, गिरिडीह, जमशेदपुर और गढ़वा।

9 सितंबर: कोडरमा, साहिबगंज, बोकारो, पलामू, सिमडेगा और चाईबासा।

10 सितंबर: सरायकेला, पाकुड़, धनबाद, गुमला, लातेहार और चतरा।

11 सितंबर: रामगढ़, देवघर, लोहरदगा, खूंटी, गोड्डा और जामताड़ा।

इन सभी स्थानों पर प्रदर्शन के बाद डीसी और एसपी कार्यालय के घेराव का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है।

 जिलावार संयोजकों की भी जिम्मेदारी तय


आंदोलन को व्यवस्थित तरीके से संचालित करने के लिए भाजपा ने जिलावार संयोजकों की भी नियुक्ति की है। रांची और देवघर की जिम्मेदारी गणेश मिश्रा को दी गई है। सरायकेला में बालमुकुन्द सहाय, खूंटी में नीलकंठ सिंह मुंडा, दुमका में सुनील सोरेन और पाकुड़ में कृष्णा महतो आंदोलन के संयोजक होंगे।

साहिबगंज में अनंत ओझा, गोड्डा और धनबाद में दिलीप वर्मा, हजारीबाग, गढ़वा और पलामू में भानु प्रताप शाही, लोहरदगा में अमित सिंह, सिमडेगा में मुनेश्वर साहू और गुमला में मनीर उरांव को जिम्मेदारी दी गई है।

गिरिडीह में सरोज सिंह, चाईबासा में गीता कोड़ा, जमशेदपुर में आभा महतो, बोकारो में अमर कुमार बाउरी, रामगढ़ में राकेश प्रसाद, चतरा में अमरदीप यादव, जामताड़ा में सुनील सोरेन, लातेहार में मनीर उरांव और कोडरमा में शालिनी बैसखियार आंदोलन के संचालन की जिम्मेदारी संभालेंगे।

 छात्रों के मुद्दे को लेकर सरकार पर दबाव बनाने की तैयारी

भाजपा ने इस आंदोलन को छात्रों के मुद्दे से सीधे तौर पर जोड़ते हुए कहा है कि भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी और छात्रों पर दर्ज मुकदमों के खिलाफ पार्टी उनकी लड़ाई में उनके साथ खड़ी है।

पार्टी का कहना है कि सरकार की ओर से छात्रों पर दर्ज मामलों को वापस लेने और भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं पर कार्रवाई नहीं होने के कारण आंदोलन का रास्ता चुना गया है। अब 8 सितंबर से शुरू होने वाला यह प्रदर्शन राज्य के अलग-अलग जिला मुख्यालयों में भाजपा के शक्ति प्रदर्शन के साथ-साथ सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।