
2 अगस्त 2026 को दुबई से अमृतसर पहुंची Air India Express की एक इंटरनेशनल फ्लाइट के क्रू मेंबर्स से जुड़ा मामला सामने आया है, जहां अनिवार्य पोस्ट-फ्लाइट प्रक्रिया तय समय के भीतर पूरी नहीं हो सकी। नियमों के मुताबिक, इंटरनेशनल फ्लाइट के लैंड करने के बाद क्रू मेंबर्स को दो घंटे के अंदर पोस्ट-फ्लाइट डिक्लेरेशन जमा करना होता है। इसी प्रक्रिया के तहत ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट भी अनिवार्य होता है। लेकिन इस फ्लाइट के क्रू की ओर से डिक्लेरेशन जमा करने में 35 मिनट की देरी हुई। यानी जरूरी डिक्लेरेशन लैंडिंग के 2 घंटे के बजाय 2 घंटे 35 मिनट बाद जमा किया गया। देरी सामने आते ही एयरलाइन के सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत क्रू के सभी सदस्यों की जांच की गई। साइकोएक्टिव पदार्थों के सेवन का पता लगाने के लिए सभी क्रू मेंबर्स का अनिवार्य मेडिकल टेस्ट कराया गया।
हालांकि, जांच में सभी सदस्यों की रिपोर्ट नेगेटिव आई। यानी मेडिकल टेस्ट में किसी भी क्रू मेंबर के नशीले या साइकोएक्टिव पदार्थ के सेवन की पुष्टि नहीं हुई। इसके बावजूद, तय समय सीमा का पालन नहीं करने को एयरलाइन प्रबंधन ने गंभीर प्रक्रियात्मक चूक माना। मामले की जानकारी DGCA यानी नागरिक उड्डयन महानिदेशालय को भी दी गई है और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने घटना से जुड़ी विस्तृत रिपोर्ट नियामक को सौंप दी है।
वहीं, कार्रवाई की बात करें तो एयरलाइन ने इस फ्लाइट से जुड़े सभी आठ क्रू सदस्यों को तीन महीने के लिए निलंबित कर दिया है। यानी मेडिकल जांच में सभी रिपोर्ट भले ही सामान्य आई हों, लेकिन अनिवार्य प्रक्रिया में हुई 35 मिनट की देरी पर एयरलाइन ने अनुशासनात्मक कार्रवाई की है।