ताइक्वांडो चैंपियनशिप में सरला बिरला पब्लिक स्कूल का दबदबा, ओवरऑल चैंपियन बना विद्यालयBy Mid Time Bureau Sun, 01 November 2026 05:36 PM

रांची: सरला बिरला पब्लिक स्कूल, रांची ने 9वीं बी.के. बिरला रांची जिला अंतर-विद्यालयीय ताइक्वांडो चैंपियनशिप 2026-27 में शानदार प्रदर्शन करते हुए ओवरऑल चैंपियन का खिताब अपने नाम किया। विद्यालय परिसर में आयोजित दो दिवसीय प्रतियोगिता का सफलतापूर्वक समापन हुआ। इसमें रांची के 30 से अधिक विद्यालयों के 400 से ज्यादा खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया।

रांची जिला ताइक्वांडो एसोसिएशन की ओर से आयोजित इस प्रतियोगिता में अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 आयु वर्ग के बालक एवं बालिका खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों के बीच कई रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। प्रतिभागियों ने अपने खेल कौशल, अनुशासन और शानदार प्रदर्शन से दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया।

प्रतियोगिता में विभिन्न श्रेणियों के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को कुल 480 पदक और ट्रॉफियां देकर सम्मानित किया गया। अंडर-14 श्रेणी में आइडियल इंटरनेशनल स्कूल, रांची ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, अनगड़ा दूसरे स्थान पर रहा। वहीं, अंडर-17 वर्ग में सरला बिरला पब्लिक स्कूल ने प्रथम और कैराली स्कूल, रांची ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। अंडर-19 श्रेणी में शारदा ग्लोबल स्कूल, रांची पहले और पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय सीआरपीएफ, रांची दूसरे स्थान पर रहा।

समग्र पदक तालिका में शानदार प्रदर्शन के आधार पर सरला बिरला पब्लिक स्कूल, रांची को ओवरऑल चैंपियन घोषित किया गया। वहीं, आचार्यकुलम, रांची को प्रथम उपविजेता और शारदा ग्लोबल स्कूल, रांची को द्वितीय उपविजेता का खिताब मिला।

इस उपलब्धि पर विद्यालय की प्राचार्या मनीषा शर्मा ने विजेता खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने सभी प्रतिभागियों के परिश्रम, समर्पण और खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि खेल विद्यार्थियों के शारीरिक विकास के साथ-साथ उनमें आत्मविश्वास, अनुशासन और आपसी सम्मान की भावना भी विकसित करते हैं। खेलों के माध्यम से विद्यार्थी चुनौतियों का सामना करना और जीवन में आगे बढ़ना सीखते हैं।

पुरस्कार वितरण समारोह के साथ दो दिवसीय चैंपियनशिप का समापन हुआ। इस आयोजन ने न केवल युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच दिया, बल्कि विभिन्न विद्यालयों के बीच आपसी सहयोग, सौहार्द और खेल भावना को भी बढ़ावा दिया।