
Ranchi: झारखंड में 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस मनाया जाएगा। इस मौके पर BJP ने राज्यभर में जनजातीय गौरव पखवाड़ा आयोजित करने की तैयारी की है। पार्टी का कहना है कि इस दौरान आदिवासी समाज के इतिहास, उनके संघर्ष और देश की आजादी में उनके योगदान को लोगों तक पहुंचाया जाएगा। इसकी शुरुआत से पहले रांची के डिबडीह स्थित कार्निवल बैंक्वेट हॉल में प्रदेश स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई।
कार्यशाला में BJP प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि पार्टी इस अभियान को प्रदेश से लेकर पंचायत स्तर तक ले जाएगी। वहीं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि झारखंड की पहचान जनजातीय आंदोलनों और संघर्षों से जुड़ी रही है। यहां के महापुरुषों ने देश की आजादी और जल-जंगल-जमीन की लड़ाई में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि साल 2021 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस घोषित किया था।
पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने अपने संबोधन में बिरसा मुंडा, सिदो-कान्हू, चांद-भैरव, तिलका मांझी, फूलो-झानो, नीलांबर-पीतांबर और जतरा टाना भगत जैसे जनजातीय नायकों के संघर्ष को याद किया। साथ ही उन्होंने PM जनमन योजना, धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान, एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय और जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी संग्रहालयों का भी जिक्र किया।
वहीं पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने आदिवासी समाज की पहचान, परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को बचाए रखने की जरूरत बताई। कार्यशाला में अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाने, युवाओं और महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के साथ पारंपरिक ग्राम प्रधानों को जोड़ने पर भी चर्चा हुई। अब 15 नवंबर से शुरू होने वाले इस पखवाड़े में BJP किन-किन इलाकों में कौन से कार्यक्रम करती है, इस पर सबकी नजर रहेगी।

