
असम की राजधानी गुवाहाटी में सोमवार देर रात हुई गोलीबारी से हड़कंप मच गया। बोरा सर्विस इलाके के होटल बिलास इन में हुए इस शूटआउट में पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। वारदात के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि होटल के लीज एग्रीमेंट को लेकर चल रहा विवाद इस खूनी वारदात की वजह बना।
घटना सोमवार रात करीब 9 बजे की बताई जा रही है। गोलीबारी के बाद होटल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। घटनास्थल से सामने आए एक वीडियो में होटल के रिसेप्शन के पास शव पड़े दिखाई दिए।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की। पुलिस आयुक्त पार्थ सारथी महंत के मुताबिक, शुरुआत में घटनास्थल से चार शव बरामद किए गए थे। बाद में मृतकों की संख्या बढ़कर पांच हो गई।
पुलिस के अनुसार, मृतकों में से चार लोग एक ही परिवार के सदस्य थे और होटल में काम करते थे। इस घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
पुलिस की शुरुआती जांच में होटल की लीज को लेकर विवाद सामने आया है। बताया जा रहा है कि आरोपी घनकांत गोगोई ने पिछले साल होटल को लीज पर लिया था। इसके बाद से होटल के मालिक और आरोपी के बीच लीज एग्रीमेंट को लेकर तनाव चल रहा था।
सोमवार रात भी इसी मुद्दे पर दोनों पक्षों के बीच विवाद हुआ। आरोप है कि गुस्से में आकर घनकांत गोगोई ने अपनी लाइसेंसी पिस्तौल से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इस दौरान कई लोग गोलियों की चपेट में आ गए।
जांच में यह भी जानकारी सामने आई है कि होटल मालिक ने संपत्ति को अलग-अलग लोगों को लीज पर दे रखा था। हालांकि, गोलीबारी के पीछे की पूरी वजह और घटनाक्रम की पुष्टि के लिए पुलिस आगे की जांच कर रही है।
जानकारी के मुताबिक, जब आरोपी ने फायरिंग शुरू की तो मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने उसे रोकने और बीच-बचाव करने की कोशिश की। इसी दौरान कई लोग गोलीबारी की चपेट में आ गए। होटल के कुछ कर्मचारियों को भी गोली लगने की बात सामने आई है।
पुलिस ने घटना के करीब एक घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आयुक्त के अनुसार, वारदात में इस्तेमाल की गई लाइसेंसी पिस्तौल भी बरामद कर ली गई है।
मृतकों में हेलेना भराली, देबोरशी कश्यप और नारायण दास की पहचान हो चुकी है। बाकी मृतकों की पहचान की प्रक्रिया जारी है।
वहीं, गोलीबारी में घायल होकर बचने वाले व्यक्ति की पहचान सत्येन पाठक के रूप में हुई है। जानकारी के मुताबिक, अस्पताल में उसकी हालत स्थिर है।
घटना के बाद पुलिस इलाके में शांति बनाए रखने की अपील कर रही है। दूसरी ओर, इस वारदात को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है। असम कांग्रेस ने राज्य की कानून-व्यवस्था और नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए हैं।