
भारत की अनाहत सिंह ने इतिहास रचने की दिशा में एक बड़ा कदम बढ़ाया है। उन्होंने शुक्रवार को मिस्र की बार्ब समेह को चार गेम के कड़े मुकाबले में 11-3, 8-11, 11-4, 11-6 से हराकर वर्ल्ड स्क्वैश जूनियर चैंपियनशिप के फाइनल में प्रवेश कर लिया है। इसके साथ ही वह पिछले 21 वर्षों में इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं। उनसे पहले साल 2005 में जोशना चिनप्पा ने फाइनल का सफर तय किया था।
शीर्ष वरीयता प्राप्त अनाहत ने मैच की शानदार शुरुआत करते हुए पहला गेम 11-3 से जीता, लेकिन बार्ब ने दूसरा गेम 11-8 से जीतकर वापसी की। इसके बाद अनाहत ने मैच पर अपनी पकड़ मजबूत की और अगले दो गेम 11-4 और 11-6 से जीतकर फाइनल का टिकट पक्का कर लिया। फाइनल में अब अनाहत का सामना मिस्र की दूसरी वरीयता प्राप्त रुकैय्या सालेम से होगा, जिन्होंने अपनी ही हमवतन मलिका एल्कारक्सी को हराया है। शनिवार को होने वाले इस खिताबी मुकाबले को जीतकर अनाहत भारत के लिए पहला वर्ल्ड जूनियर खिताब अपने नाम करना चाहेंगी।
With inputs from IANS