मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए सरकार ने लॉन्च किया ‘जननी’ डिजिटल प्लेटफॉर्मBy Admin Thu, 07 May 2026 01:30 PM

नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने गर्भवती महिलाओं और बच्चों की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर और व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से ‘जननी’ (JANANI - Journey of Antenatal, Natal and Neonatal Integrated Care) नामक नया डिजिटल हेल्थ प्लेटफॉर्म लॉन्च किया है। यह क्यूआर कोड आधारित प्रणाली मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी और डिजिटल रिकॉर्ड रखने में मदद करेगी।

सरकार के अनुसार, इस प्लेटफॉर्म के जरिए महिलाओं के प्रजनन काल से जुड़ी स्वास्थ्य सेवाओं का पूरा डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा। इसमें गर्भावस्था के दौरान जांच, प्रसव की तैयारी, डिलीवरी, प्रसव के बाद देखभाल, नवजात शिशु की निगरानी, घर आधारित देखभाल और परिवार नियोजन जैसी सेवाएं शामिल होंगी।

यह नई प्रणाली पुराने आरसीएच (RCH) पोर्टल का उन्नत संस्करण है, जिसे इस तरह तैयार किया गया है कि महिला और बच्चे से जुड़ी हर स्वास्थ्य सेवा का रिकॉर्ड एक ही प्लेटफॉर्म पर लगातार अपडेट होता रहे।

सरकार का कहना है कि इससे स्वास्थ्य सेवाओं की निगरानी आसान होगी, समय पर जरूरी हस्तक्षेप किए जा सकेंगे और सेवा वितरण प्रणाली अधिक प्रभावी बनेगी।

इस प्लेटफॉर्म की सबसे खास विशेषता क्यूआर आधारित डिजिटल मदर एंड चाइल्ड हेल्थ कार्ड है, जिससे स्वास्थ्य रिकॉर्ड कहीं भी आसानी से एक्सेस किए जा सकेंगे।

‘जननी’ में हाई रिस्क प्रेग्नेंसी के लिए ऑटोमेटेड अलर्ट, रियल-टाइम डैशबोर्ड और ड्यू-लिस्ट जैसी सुविधाएं भी दी गई हैं, ताकि समय रहते गर्भवती महिलाओं और बच्चों की निगरानी की जा सके।

यह प्लेटफॉर्म यू-विन और पोषण जैसे राष्ट्रीय कार्यक्रमों से भी जुड़ा होगा, जिससे अलग-अलग योजनाओं के बीच डेटा साझा करना और लाभार्थियों की निगरानी आसान हो जाएगी।

लाभार्थियों का पंजीकरण एबीएचए, आधार (ओटीपी या बायोमेट्रिक) और मोबाइल नंबर के जरिए किया जा सकेगा। साथ ही देशभर में रिकॉर्ड खोजने की सुविधा भी उपलब्ध होगी, जिससे प्रवासी परिवारों को भी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लगातार मिलता रहेगा।

सरकार ने बताया कि पोर्टल पर वेब और मोबाइल के जरिए स्वयं पंजीकरण की सुविधा भी दी गई है, जिससे लोग अपनी स्वास्थ्य सेवाओं से सीधे जुड़ सकेंगे।

इसके अलावा प्लेटफॉर्म गर्भावस्था जांच, टीकाकरण और अन्य जरूरी स्वास्थ्य सेवाओं की समय पर जानकारी और रिमाइंडर भी देगा, ताकि कोई महत्वपूर्ण स्वास्थ्य प्रक्रिया छूट न जाए।

सरकार के मुताबिक अब तक ‘जननी’ प्लेटफॉर्म पर 1.34 करोड़ लाभार्थियों का पंजीकरण हो चुका है। वहीं 30 लाख से अधिक गर्भवती महिलाओं का रजिस्ट्रेशन, 30 लाख से ज्यादा मदर एंड चाइल्ड हेल्थ कार्ड जारी और 1 लाख से अधिक बायोमेट्रिक सत्यापन किए जा चुके हैं।

 

With inputs from IANS