
नई दिल्ली: टेक दिग्गज Google और Apple ने RCS (रिच कम्युनिकेशन सर्विसेज) मैसेजिंग के लिए एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन फीचर शुरू करने की घोषणा की है। इस नए फीचर के आने से iPhone और Android यूजर्स के बीच होने वाली चैट पहले से ज्यादा सुरक्षित और निजी हो जाएगी।
Apple ने बताया कि उसने Google और अन्य इंडस्ट्री पार्टनर्स के साथ मिलकर RCS में एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन सपोर्ट लाने की दिशा में काम किया है। RCS को पारंपरिक SMS की जगह लेने वाले आधुनिक मैसेजिंग स्टैंडर्ड के तौर पर देखा जा रहा है।
कंपनी के अनुसार यह फीचर फिलहाल बीटा चरण में उपलब्ध कराया गया है। iOS 26.5 और सपोर्टेड कैरियर वाले iPhone यूजर्स के साथ-साथ Google Messages के लेटेस्ट वर्जन का इस्तेमाल कर रहे Android यूजर्स इसे इस्तेमाल कर सकेंगे।
एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन का मतलब है कि संदेश भेजने और प्राप्त करने वाले व्यक्ति के अलावा कोई भी तीसरा पक्ष उन मैसेज को पढ़ या एक्सेस नहीं कर सकेगा। इससे यूजर्स की प्राइवेसी और सुरक्षा दोनों मजबूत होंगी।
Apple ने कहा कि एन्क्रिप्टेड चैट की पहचान के लिए RCS बातचीत में नया लॉक आइकन दिखाई देगा। यह फीचर डिफॉल्ट रूप से ऑन रहेगा और धीरे-धीरे नए व पुराने दोनों तरह के चैट्स में सक्रिय किया जाएगा।
वहीं Google ने बताया कि उसकी Google Messages सेवा में Android डिवाइसों के बीच एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन पहले से उपलब्ध था, लेकिन अब इसे क्रॉस-प्लेटफॉर्म RCS चैट तक भी विस्तारित किया जा रहा है।
Apple ने यह भी दोहराया कि उसका iMessage शुरू से ही प्राइवेसी को ध्यान में रखकर बनाया गया था और उसमें एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन पहले से मौजूद है। कंपनी के मुताबिक Apple इकोसिस्टम के भीतर संवाद के लिए iMessage अब भी सबसे सुरक्षित और सहज माध्यम बना हुआ है।
इस बीच, Meta ने हाल ही में Instagram पर एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड डायरेक्ट मैसेजिंग फीचर को बंद कर दिया है, जिससे दुनियाभर के यूजर्स के लिए यह प्राइवेसी सुविधा समाप्त हो गई।
With inputs from IANS