
तेल अवीव। ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने सेना प्रमुख एयाल ज़मीर के साथ एक अहम बैठक कर इजरायली सेना की “ऑपरेशनल तैयारियों” का आकलन किया। यह बैठक ज़मीर के हालिया वॉशिंगटन दौरे के बाद हुई, जहां उन्होंने आपात रक्षा वार्ताएं की थीं।
रविवार (स्थानीय समय) को रक्षा मंत्रालय द्वारा जारी बयान के अनुसार, बैठक में क्षेत्रीय तनाव के मद्देनज़र “किसी भी संभावित हालात से निपटने के लिए सेना की ऑपरेशनल तैयारी” पर विस्तार से चर्चा हुई।
यह बैठक ऐसे समय पर हुई है, जब एयाल ज़मीर ने अमेरिका का सप्ताहांत दौरा पूरा किया। वहां उन्होंने अमेरिकी जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन डैन केन और पेंटागन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ रक्षा रणनीतियों के समन्वय पर बातचीत की। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन चर्चाओं का फोकस ईरान के खिलाफ संभावित अमेरिकी सैन्य कार्रवाई की तैयारियों पर रहा।
उच्चस्तरीय बैठकों का यह सिलसिला पिछले सप्ताह इजरायल के सैन्य खुफिया प्रमुख श्लोमी बाइंडर के वॉशिंगटन दौरे के बाद और तेज हो गया है। दोनों देश संभावित क्षेत्रीय टकराव को लेकर वैकल्पिक योजनाओं पर काम कर रहे हैं।
तेहरान पहले ही चेतावनी दे चुका है कि अगर ईरान पर अमेरिका ने हमला किया, तो वह अमेरिकी सैन्य ठिकानों और इजरायली लक्ष्यों पर जवाबी कार्रवाई करेगा।
इस बीच, ईरान में दिसंबर के अंत से जनवरी तक रियाल की तेज गिरावट के विरोध में कई शहरों में प्रदर्शन हुए। शुरुआत में शांतिपूर्ण रहे ये प्रदर्शन बाद में हिंसक झड़पों में बदल गए, जिनमें जान-माल का नुकसान हुआ और मस्जिदों, सरकारी इमारतों व बैंकों को क्षति पहुंची। ईरान ने इस अशांति के लिए अमेरिका और इजरायल को जिम्मेदार ठहराया है।
ईरान के सेना प्रमुख अमीर हातामी ने पिछले सप्ताह चेतावनी दी थी कि अगर अमेरिका कोई भी गलती करता है, तो वह न केवल अपनी बल्कि इजरायल और पूरे पश्चिम एशिया क्षेत्र की सुरक्षा को खतरे में डाल देगा। सरकारी समाचार एजेंसी इरना के अनुसार, तेहरान में एक राष्ट्रीय समारोह के दौरान हातामी ने कहा कि ईरानी सशस्त्र बल पूरी तरह से सतर्क और युद्ध के लिए तैयार हैं।
उन्होंने कहा, “आज इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान की सशस्त्र सेनाएं पूरी रक्षा और सैन्य तैयारी की स्थिति में हैं और क्षेत्र में दुश्मन की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखे हुए हैं। हमारी उंगली ट्रिगर पर है।” उन्होंने यह भी दोहराया कि दुश्मन की किसी भी गलती से पूरे क्षेत्र की सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी।
हातामी ने उन पड़ोसी देशों का स्वागत किया, जिन्होंने घोषणा की है कि वे ईरान के खिलाफ किसी भी कार्रवाई के लिए अपने क्षेत्र या हवाई क्षेत्र का इस्तेमाल नहीं होने देंगे। उन्होंने कहा कि ये देश जानते हैं कि ईरान के खिलाफ किसी भी तरह की अस्थिरता पूरे क्षेत्र को असुरक्षित बना देगी।
यह चेतावनी ऐसे समय पर आई है, जब तेहरान और वॉशिंगटन के बीच तनाव चरम पर है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले कहा था कि विमानवाहक पोत ‘अब्राहम लिंकन’ के नेतृत्व में एक “विशाल नौसैनिक बेड़ा” ईरान की ओर बढ़ रहा है और तेहरान के पास अमेरिका के साथ समझौता करने के लिए समय तेजी से खत्म हो रहा है।
रविवार को ट्रंप ने यह भी कहा कि अगर ईरान वाशिंगटन के साथ परमाणु समझौता करने में विफल रहता है, तो “देखा जाएगा” कि ईरानी सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की यह चेतावनी सही साबित होती है या नहीं कि अमेरिकी हमला पूरे क्षेत्रीय युद्ध को जन्म दे सकता है। खामेनेई ने कहा है कि अगर अमेरिका ईरान के खिलाफ युद्ध शुरू करता है, तो यह एक क्षेत्रीय युद्ध होगा।
With inputs from IANS