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ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की नौसेना ने शनिवार को दावा किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य से कथित तौर पर अनधिकृत मार्ग से गुजरने की कोशिश कर रहे एक सुपरटैंकर में नौसैनिक बारूदी सुरंग से टकराने के बाद भीषण विस्फोट हुआ। इसके बाद तेल टैंकर में बड़े पैमाने पर आग लग गई।
आईआरजीसी के आधिकारिक समाचार माध्यम सेपाह न्यूज पर जारी बयान के अनुसार, जहाज ने जलडमरूमध्य में निर्धारित मार्ग के बजाय कथित तौर पर प्रतिबंधित रास्ते से गुजरने की कोशिश की थी। नौसेना ने दावा किया कि टैंकर ने अपने जीपीएस और रडार सिस्टम बंद कर रखे थे।
रिपोर्ट के मुताबिक, सुपरटैंकर में 20 लाख बैरल से अधिक कच्चा तेल लदा था और उसने अमेरिकी सेना के समर्थन से जलडमरूमध्य पार करने का प्रयास किया था। ईरानी समाचार माध्यम ने यह भी दावा किया कि इस जलमार्ग को बंद कर दिया गया है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
इससे पहले बुधवार को आईआरजीसी की नौसेना ने कहा था कि होर्मुज जलडमरूमध्य के दक्षिण में एक कंटेनर जहाज नौसैनिक बारूदी सुरंग से टकराने के बाद डूब गया। ईरान ने उस जहाज पर भी अनधिकृत और जोखिम भरे मार्ग से गुजरने की कोशिश करने का आरोप लगाया था।
मंगलवार को सरकारी प्रसारक आईआरआईबी टीवी से बातचीत में आईआरजीसी नौसेना के कमांडर अली अजमाई ने कहा था कि उनकी सेना फारस की खाड़ी और होर्मुज जलडमरूमध्य में चौबीसों घंटे निगरानी कर रही है, जबकि ओमान की खाड़ी ईरानी नौसेना की निगरानी में है। उन्होंने चेतावनी दी थी कि अमेरिका के कथित उकसावे या भ्रामक गतिविधियों के तहत समुद्री नियमों का उल्लंघन करने वाले जहाजों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की जाएगी।
इस बीच, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने शुक्रवार को फिर कहा कि उनका देश परमाणु हथियार विकसित करने की कोशिश नहीं कर रहा है। उन्होंने तेहरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर लगाए जा रहे आरोपों को झूठा प्रचार बताया।
पेजेशकियान ने आर्मेनिया की राजधानी येरेवन में जैव विविधता पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन (सीओपी17) के दौरान जॉर्जिया के प्रधानमंत्री इराकली कोबाखिद्जे से मुलाकात में यह बात कही। उनके कार्यालय की वेबसाइट पर जारी बयान के अनुसार, उन्होंने परमाणु हथियारों के विकास पर प्रतिबंध लगाने संबंधी ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के रुख का भी उल्लेख किया।