
Ranchi: रांची के बड़गाईं की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े कथित घोटाले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को फिलहाल हाईकोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। बुधवार को झारखंड हाईकोर्ट में उनकी ओर से दायर दो याचिकाओं पर सुनवाई हुई, लेकिन ईडी के जवाब पर प्रतिउत्तर दाखिल करने के लिए समय मांगे जाने के बाद दोनों मामलों की सुनवाई आगे बढ़ा दी गई। अब इस मामले में अगली सुनवाई 2 दिसंबर को होगी।
दरअसल, हेमंत सोरेन ने इन मामलों में दो अलग-अलग याचिकाएं दायर की हैं। पहली याचिका में पीएमएलए की विशेष अदालत की ओर से उनकी डिस्चार्ज पिटीशन खारिज किए जाने के आदेश को चुनौती दी गई है। वहीं, दूसरी याचिका में अभियोजन स्वीकृति के बिना संज्ञान लेने के निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी गई है।
बुधवार को सुनवाई के दौरान हेमंत सोरेन की ओर से ईडी के जवाब पर अपना प्रतिउत्तर दाखिल करने के लिए अदालत से समय मांगा गया। इसके बाद अदालत ने दोनों मामलों की अगली सुनवाई के लिए 2 दिसंबर की तारीख तय की। ईडी की ओर से वरीय अधिवक्ता अमित कुमार दास और अधिवक्ता सौरव कुमार ने पक्ष रखा।
गौरतलब है कि बड़गाईं की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़े कथित फर्जीवाड़े की जांच ईडी कर रही है। इस मामले में ईडी ने जेएमएम नेता अंतू तिर्की, आर्किटेक्ट विनोद कुमार सिंह समेत कई लोगों के ठिकानों पर छापेमारी की थी। जांच पूरी करने के बाद ईडी ने पीएमएलए की विशेष अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया। वहीं, विशेष अदालत 17 आरोपियों के खिलाफ आरोप गठित कर चुकी है।
अब इस मामले में हाईकोर्ट की अगली सुनवाई 2 दिसंबर को होगी, जहां दोनों याचिकाओं पर आगे की कानूनी प्रक्रिया को लेकर सुनवाई होगी।