जूही परमार : हमेशा माना है कि महिलाओं की संघर्षगाथा और जीत का जश्न मनाया जाना चाहिएBy Admin Sat, 30 August 2025 02:35 PM

मुंबई। अभिनेत्री जूही परमार, जो जल्द ही नॉन-फिक्शन शो कहानी हर घर की में नजर आएंगी, ने कहा कि वह हमेशा से मानती रही हैं कि “महिलाओं की यात्राएं, उनके संघर्ष और उनकी जीतें साझा की जानी चाहिए और उनका जश्न मनाया जाना चाहिए।”

जूही ने कहा,
“जब से मुझे याद है, मैं हमेशा महिलाओं के साथ खड़ी होना चाहती थी, उनका समर्थन करना चाहती थी, उनकी आवाज़ को बुलंद करना चाहती थी और उस अन्याय के खिलाफ खड़ी होना चाहती थी जिसका सामना वे अक्सर करती हैं। मैंने हमेशा माना है कि महिलाओं की कहानियां, उनके संघर्ष और उनकी सफलताएं समाज में साझा और सम्मानित की जानी चाहिए।”

जानकारी के अनुसार, कहानी हर घर की एक भावनात्मक नॉन-फिक्शन शो है, जो भारतीय महिलाओं को एक सुरक्षित और सहयोगी मंच प्रदान करता है। यहां वे उन सच्चाइयों को साझा कर सकती हैं जो अक्सर अनकही रह जाती हैं—चाहे वह भावनात्मक उपेक्षा हो, सामाजिक दबाव, वैवाहिक चुनौतियां या करियर से जुड़े समझौते।

जूही ने कहा,
“ऐसा शो मैं वर्षों से चाहती थी, लगातार यही इच्छा रखती थी कि मुझे किसी सार्थक तरीके से योगदान करने का अवसर मिले। इसलिए, मैं मानती हूं कि यह शो मेरे जीवन का मकसद है।”

उन्होंने आगे कहा,
“इसके जरिए मैं आखिरकार अपने उस विजन को हकीकत में बदल पा रही हूं, एक ऐसा सुरक्षित स्पेस बना रही हूं जहां महिलाएं खुलकर अपनी बात कह सकें। उनकी लड़ाई में अपनी आवाज़ जोड़ सकूं और उनके साहस व मजबूती की कहानियों की साथी बन सकूं।”

जूही के लिए यह शो सिर्फ एक प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि एक उद्देश्य है “जिसे वह हमेशा पूरा करना चाहती थीं।”

कहानी हर घर की का प्रसारण 1 सितंबर से ज़ी टीवी पर शुरू होगा।

जूही परमार को लंबे समय तक चलने वाले सीरियल कुमकुम – एक प्यारा सा बंधन में ‘कुमकुम’ की भूमिका से पहचान मिली। उन्होंने कर्मफल दाता शनि में देवी संध्या और देवी छाया की भूमिकाएं निभाईं। बाद में वह बिग बॉस 5 की विजेता भी रहीं।

अभिनेत्री आखिरी बार सीरियल हमारीवाली गुड न्यूज में नजर आई थीं, जिसमें शक्ति आनंद, सुभीर राणा, राघव तिवारी और सृष्टि जैन भी शामिल थे। इसके बाद इस शो की जगह मीट: बदलेंगी दुनिया की रीत ने ले ली।

 

With inputs from IANS