
रांची प्रेस क्लब में सोमवार को आध्यात्मिक एवं साहित्यिक कृति अघोर : एक आत्मकथा का भव्य विमोचन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में साहित्य, समाजसेवा और आध्यात्मिक क्षेत्र से जुड़े कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
यह पुस्तक महंत श्री चन्द्र भूषण नाथ अघोरी के जीवन पर आधारित एक आध्यात्मिक आत्मकथा है, जिसमें एक सामान्य इंसान के संघर्ष, पीड़ा, समाज के लिए समर्पण और ईश्वर की शरण में जाकर हुए आत्मिक परिवर्तन की प्रेरणादायक यात्रा को दर्शाया गया है।
पुस्तक में उल्लेख किया गया है कि किस प्रकार एक व्यक्ति समाज और लोगों की भलाई के लिए आवाज उठाता है, लेकिन समय के साथ वही लोग उसके विरोध में खड़े हो जाते हैं। इसके कारण उसे मानसिक, सामाजिक और आर्थिक संघर्षों का सामना करना पड़ता है। जीवन की कठिन परिस्थितियों और गहरी मानसिक पीड़ा से गुजरने के बाद व्यक्ति जब पूरी तरह टूट जाता है, तब वह ईश्वर की शरण में जाकर अपनी व्यथा प्रकट करता है।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि यह पुस्तक केवल एक आत्मकथा नहीं, बल्कि संघर्ष और आध्यात्मिक चेतना का संदेश देने वाली प्रेरणादायक कृति है। समारोह में उपस्थित लोगों ने पुस्तक की विषयवस्तु की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए मार्गदर्शक बताया।