पेंशन भुगतान में देरी पर झारखंड हाई कोर्ट सख्त, कहा- 40 साल सेवा देने वालों के साथ अन्याय स्वीकार नहींBy Admin Mon, 18 May 2026 06:32 PM

रांची :  झारखंड उच्च न्यायालय ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों को पेंशन और बकाया वेतनमान लाभ नहीं दिए जाने के मामले में राज्य सरकार और उच्च शिक्षा विभाग की कार्यशैली पर नाराजगी जताई है। अदालत ने टिप्पणी करते हुए कहा कि जिन कर्मचारियों ने चार दशक तक अपनी सेवाएं दीं, उन्हें सेवानिवृत्ति के बाद भी उनके वैधानिक अधिकारों से वंचित रखना दुर्भाग्यपूर्ण और अस्वीकार्य है।

न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत ने बसंत कुमार साहू समेत 15 प्रार्थियों द्वारा दायर अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार को सख्त निर्देश दिए। अदालत ने स्पष्ट कहा कि यदि अगली सुनवाई, जो 22 जून को निर्धारित है, तक प्रार्थियों को पेंशन और पंचम से सप्तम वेतनमान तक का बकाया भुगतान नहीं किया गया, तो उच्च शिक्षा निदेशक का वेतन रोक दिया जाएगा।

मामले में प्रार्थियों की ओर से अधिवक्ता प्रेम पुजारी ने अदालत में पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय के पूर्व आदेशों के बावजूद सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अब तक उनका वैधानिक लाभ नहीं दिया गया है। इस पर अदालत ने अधिकारियों की लापरवाही पर असंतोष जताते हुए कहा कि बार-बार आश्वासन देने के बावजूद आदेश का पालन नहीं किया जा रहा है।