नागालैंड: हॉर्नबिल उत्सव के तीसरे दिन किसामा गाँव में झलकी रंगारंग सांस्कृतिक भव्यताBy Admin Thu, 04 December 2025 06:24 AM









कोहिमा- 10-दिवसीय हॉर्नबिल उत्सव 2025 के तीसरे दिन नागा हेरिटेज विलेज, किसामा में बुधवार को रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को जीवंत कर दिया। नागा समुदायों की 18 सांस्कृतिक मंडलियों ने अपनी विविध और मनमोहक प्रस्तुतियों से देश-विदेश से आए आगंतुकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

पारंपरिक शैली में आयोजित इस सांस्कृतिक कार्यक्रम की मेजबानी उपमुख्यमंत्री एवं गृह व सीमा मामलों के प्रभारी मंत्री यंथुंगो पैटन ने की, जबकि सह-मेजबानी खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा विधिक माप विज्ञान सलाहकार के. तोकूघा सुखालू ने की। कार्यक्रम में भूटान के राजदूत, कौंसुल जनरल जिग्मे थिनल्ये नामग्याल, एयर मार्शल सुरत सिंह, पूर्वी वायु कमान के कमांडर-इन-चीफ, लेफ्टिनेंट जनरल मोहित वाधवा, जीओसी 101 एरिया, सॉन्गलाइंस के संस्थापक संपादक साइमन ली ब्रॉटन सहित कई विशिष्ट अतिथि उपस्थित थे।

पर्यटन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, दिन भर नागा जनजातियों की पारंपरिक नृत्य शैलियों और लोक परंपराओं की समृद्ध झलक देखने को मिली, जो प्रत्येक जनजाति की अनूठी सांस्कृतिक पहचान को दर्शाती है। ज़ेलियांग समुदाय ने ‘अकोइना लिन’ नामक जीवंत लोकनृत्य प्रस्तुत किया, जिसे विशेष रूप से युवाओं द्वारा बड़े सामाजिक आयोजनों में किया जाता है। यह प्रस्तुति उत्सव और उमंग का प्रतीक रही, जिसमें नर्तकों की तुलना बाज़ और तितलियों से की गई।

यिमकियुंग सांस्कृतिक मंडली ने ‘खा किआकलक रिमो’ पेश किया, जिसके बाद टिकहर मंडली ने ‘तैनांग जोंग पैही आई’ प्रस्तुत किया — यह महिलाओं का लोकनृत्य है, जो प्रमुख त्योहारों के दौरान प्रशंसा, आतिथ्य और विशिष्ट मदिरा के आदान-प्रदान के भाव को दर्शाता है।

सumi समुदाय ने ‘अकिकिटी’ का प्रदर्शन किया — यह पारंपरिक किक-फाइटिंग खेल है, जिसे गोलाकार मैदान में खेला जाता है। यह कला युवा लड़कों द्वारा मोरुंग में अभ्यास की जाती है और कौशल, फिटनेस तथा आत्मरक्षा को दर्शाती है। इसे मुख्य रूप से तुलुनी, अहूना और तिक्सिनी त्योहारों में प्रस्तुत किया जाता है। इसके अलावा संगतम, रेंगमा, त्सेमिन्यू, पोचुरी, फोम, लोथा, कुकी, अंगामी, कचरी, गारो, चांग, चाखेसांग, आओ और कोन्याक समुदायों ने भी अपनी-अपनी पारंपरिक प्रस्तुतियाँ दीं।

अधिकारियों ने कहा कि हॉर्नबिल उत्सव के तीसरे दिन ने आगंतुकों को नागा जनजातियों की सांस्कृतिक विविधता, परंपराओं और उनकी समृद्ध लोककथाओं की एक मनमोहक यात्रा कराई, जो सभी के लिए स्मरणीय अनुभव साबित हुई।

सोमवार (1 दिसंबर) की शाम हुए उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री तथा उत्सव के मेजबान नेफियू रियो ने कहा था कि हॉर्नबिल उत्सव नागाओं की जीवनशैली की अभिव्यक्ति है — यह उनकी एकता और सामूहिक पहचान का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह उत्सव नागाओं की समृद्ध विरासत, जीवित परंपराओं और पूर्वजों के प्रति सम्मान को दर्शाता है।

राज्य की लगभग 20 लाख आबादी (2011 की जनगणना के अनुसार) में से 86 प्रतिशत से अधिक लोग जनजातीय समुदायों से संबंधित हैं। नागालैंड में 17 प्रमुख जनजातियाँ और कई उप-जनजातियाँ हैं, जिनकी अपनी विशिष्ट सांस्कृतिक विरासत, पारंपरिक नृत्य, संगीत, वस्त्र और रीति-रिवाज़ हैं। इस वर्ष के 10-दिवसीय 26वें संस्करण के लिए ऑस्ट्रिया, फ्रांस, आयरलैंड, माल्टा, स्विट्ज़रलैंड और यूनाइटेड किंगडम साझेदार देश हैं, जबकि अरुणाचल प्रदेश राज्य साझेदार के रूप में शामिल है।

 

With inputs from IANS

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