शीतल देवी का शानदार वापसी: एशियाई पैरा खेलों में महिला कंपाउंड स्वर्ण पर कब्ज़ाBy IANS Thu, 22 October 2026 01:11 PM

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एशियाई पैरा खेलों 2026 में शीतल देवी ने एक और यादगार प्रदर्शन करते हुए महिला कंपाउंड व्यक्तिगत फाइनल में सिंगापुर की नूर सैयदा अलीम को 142-139 से हराकर भारत को इस महाद्वीपीय प्रतियोगिता में 17वां स्वर्ण पदक दिलाया।

भारतीय पैरा तीरंदाज़ ने चार अंकों की कमी से उबरते हुए 2023 में हांगझू में जीता गया खिताब सफलतापूर्वक बरकरार रखा।

फाइनल में शीतल की मानसिक दृढ़ता की असली परीक्षा तब हुई जब वह 55-59 से पीछे चली गईं और दूसरे एंड में 26 अंकों के स्कोर ने उनकी स्वर्ण की राह मुश्किल बना दी। लेकिन 18 वर्षीय शीतल ने शानदार अंदाज में वापसी करते हुए लगातार दो बार 30 का परफेक्ट स्कोर बनाया और मुकाबले पर फिर से नियंत्रण हासिल करते हुए जीत दर्ज की।

यह जीत आइची-नागोया में शीतल के शानदार अभियान का मुकुट साबित हुई, जहां उन्होंने एक बार फिर साबित किया कि वह अंतरराष्ट्रीय पैरा तीरंदाज़ी की शीर्ष हस्तियों में क्यों शुमार हैं। उन्होंने क्वालिफिकेशन राउंड में ही 720 में से 704 का स्कोर करते हुए विश्व रिकॉर्ड की बराबरी करके सुर्खियां बटोरी थीं, जो मार्च में बैंकॉक में बनाए गए उनके ही 698 के एशियाई रिकॉर्ड से बेहतर था।

शीतल के व्यक्तिगत स्वर्ण ने मिश्रित टीम कंपाउंड स्पर्धा में उनकी सफलता में भी चार चांद लगाए, जहां उन्होंने तोमन कुमार के साथ मिलकर इंडोनेशिया को 151-148 से हराया। इस भारतीय जोड़ी ने मिश्रित टीम क्वालिफिकेशन में 1402 के संयुक्त स्कोर के साथ विश्व रिकॉर्ड भी बनाया, जिससे पिछला 1400 का रिकॉर्ड टूट गया।

उनके अभियान में पायल नाग के साथ महिला कंपाउंड युगल में रजत पदक भी शामिल रहा। इस जोड़ी ने 1379 के संयुक्त स्कोर के साथ क्वालिफिकेशन में शीर्ष स्थान हासिल करते हुए नए एशियाई और एशियाई पैरा खेलों के रिकॉर्ड बनाए।

नागोया में दो स्वर्ण और एक रजत के साथ शीतल ने 2023 एशियाई पैरा खेलों में हासिल तीन पदकों की बराबरी कर ली है। उनका यह नया खिताब उनके पहले से ही प्रभावशाली रिकॉर्ड को और मजबूत करता है, जिसमें हांगझू में महिला व्यक्तिगत कंपाउंड स्वर्ण और 2024 पेरिस पैरालंपिक्स में कांस्य पदक शामिल है।