दिल्ली एक्साइज पॉलिसी केस में अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया बरीBy Admin Fri, 27 February 2026 11:23 AM









दिल्ली एक्साइज पॉलिसी केस में अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने बरी कर दिया है। कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि दोनों नेताओं के खिलाफ कोई ठोस सबूत पेश नहीं किया जा सका और प्रॉसिक्यूशन आरोप साबित करने में विफल रहा।

कोर्ट ने निष्पक्ष जांच और फेयर ट्रायल के महत्व पर ज़ोर देते हुए कहा कि सिसोदिया के खिलाफ सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) के आरोप बेबुनियाद साबित हुए और किसी भी आपराधिक साज़िश के पर्याप्त प्रमाण नहीं मिले। यह फैसला 12 फरवरी को दोनों पक्षों की विस्तृत दलीलें सुनने के बाद सुरक्षित रखे गए निर्णय के रूप में आया।

इस मामले में केजरीवाल और सिसोदिया के अलावा 21 अन्य लोग भी आरोपी थे। CBI ने 2022 में पहली चार्जशीट दाखिल की थी और बाद में कई पूरक चार्जशीट जमा कीं। एजेंसी का आरोप था कि रद्द की गई एक्साइज पॉलिसी को लाभ पहुंचाने के लिए कथित “साउथ लॉबी” ने लगभग ₹100 करोड़ का भुगतान किया था, लेकिन अदालत ने पाया कि उपलब्ध साक्ष्य आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त नहीं थे।

इस फैसले को आम आदमी पार्टी (AAP) के लिए बड़ी कानूनी राहत माना जा रहा है। उल्लेखनीय है कि AAP प्रमुख केजरीवाल को प्रवर्तन निदेशालय (ED) और CBI ने 2024 में मनी लॉन्ड्रिंग और भ्रष्टाचार के मामलों में गिरफ्तार किया था। 2022 में एक्साइज पॉलिसी को लेफ्टिनेंट गवर्नर द्वारा कथित अनियमितताओं की जांच के आदेश के बाद रद्द कर दिया गया था।

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