दूरसंचार नेटवर्क में AI के जिम्मेदार इस्तेमाल के लिए TRAI ने जारी किया मसौदा दिशानिर्देशBy IANS Fri, 30 October 2026 06:00 PM

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भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने दूरसंचार नेटवर्क और सेवाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के जिम्मेदार इस्तेमाल को सुनिश्चित करने की दिशा में अहम पहल की है। प्राधिकरण ने शुक्रवार को इस संबंध में मसौदा दिशानिर्देश जारी करते हुए संबंधित पक्षों से सुझाव और टिप्पणियां मांगी हैं। हितधारक 27 नवंबर 2026 तक अपने लिखित सुझाव भेज सकते हैं।

संचार मंत्रालय के अनुसार, इन दिशानिर्देशों का उद्देश्य दूरसंचार क्षेत्र में केंद्र सरकार की 'इंडिया एआई गवर्नेंस गाइडलाइंस' को एक समान और जिम्मेदार तरीके से लागू करना है। इससे इस क्षेत्र में AI के उपयोग को लेकर स्पष्टता बढ़ेगी और कंपनियों, नियामकों तथा अन्य संबंधित पक्षों की जवाबदेही तय करने में मदद मिलेगी।

केंद्र सरकार ने फरवरी 2026 में 'इंडिया एआई गवर्नेंस गाइडलाइंस' जारी की थीं। इनका मकसद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की संभावनाओं का इस्तेमाल समावेशी विकास और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के लिए करना है। साथ ही, AI तकनीक से व्यक्तियों और समाज को होने वाले संभावित नुकसान और जोखिमों से निपटने के लिए एक जवाबदेह व्यवस्था विकसित करना भी इसका उद्देश्य है।

सरकार की AI गवर्नेंस नीति सात प्रमुख सिद्धांतों पर आधारित है। इनमें विश्वास, जन-केंद्रित दृष्टिकोण, नवाचार, निष्पक्षता एवं समानता, जवाबदेही, सुरक्षा, मजबूती और स्थिरता जैसे पहलुओं को प्राथमिकता दी गई है। इन सिद्धांतों के जरिए उद्योग जगत और नियामकों को AI के सुरक्षित और पारदर्शी इस्तेमाल के लिए व्यावहारिक दिशा-निर्देश उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया है।

दूरसंचार क्षेत्र इस पहल के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह न केवल देशभर में संचार सुविधाएं उपलब्ध कराता है, बल्कि सरकारी और आवश्यक डिजिटल सेवाओं की आपूर्ति, व्यापारिक गतिविधियों तथा महत्वपूर्ण सूचना ढांचे के सुरक्षित संचालन में भी अहम भूमिका निभाता है। राष्ट्रीय सुरक्षा और आपातकालीन परिस्थितियों में प्रभावी प्रतिक्रिया के लिए भी मजबूत दूरसंचार नेटवर्क आवश्यक है।

इसी बीच, एक हालिया रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत बड़े पैमाने पर सरकारी निवेश, साझा कंप्यूटिंग सुविधाओं और नवाचार के साथ लोकतांत्रिक सुरक्षा उपायों के बीच संतुलन बनाने वाले नियामक मॉडल के जरिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में एक प्रमुख वैश्विक खिलाड़ी के रूप में उभर रहा है।

भारत एआई मिशन के तहत देश में कंप्यूटिंग क्षमता बढ़ाने, अनुसंधान को प्रोत्साहित करने, स्टार्टअप को सहायता देने और कुशल पेशेवर तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है। इस मिशन के अंतर्गत 38,000 से अधिक जीपीयू वाली साझा कंप्यूटिंग सुविधाएं विकसित की गई हैं, ताकि AI संसाधनों का लाभ केवल कुछ बड़ी कंपनियों तक सीमित न रहे।

ट्राई के नए मसौदा दिशानिर्देश इसी व्यापक प्रयास का हिस्सा हैं, जिनका उद्देश्य दूरसंचार क्षेत्र में AI आधारित तकनीकों के इस्तेमाल को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और जवाबदेह बनाना है।