वोट चोरी के खिलाफ एक नवंबर को दिल्ली में होगी इंडिया गठबंधन की मेगा रैलीBy Mid Time Bureau Fri, 23 October 2026 06:09 PM

रांची: वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान के तहत शुक्रवार को कांग्रेस भवन, रांची में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेताओं ने मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए। नेताओं ने लोकतंत्र और नागरिकों के मताधिकार की रक्षा के लिए देशव्यापी जनजागरण अभियान चलाने की बात कही। कांग्रेस नेताओं ने घोषणा की कि एक नवंबर को दिल्ली में इंडिया गठबंधन के नेतृत्व में वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान के तहत मेगा रैली आयोजित की जाएगी।

प्रेस कॉन्फ्रेंस को अभियान की झारखंड ऑब्जर्वर और राज्यसभा सांसद फूलो देवी नेताम, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय ने संबोधित किया। इस दौरान नेताओं ने चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और मतदाता सूची की शुद्धता सुनिश्चित करने की मांग उठाई।

राहुल गांधी ने साक्ष्यों के साथ उठाया मुद्दा: फूलो देवी नेताम

फूलो देवी नेताम ने कहा कि राहुल गांधी ने लोकतंत्र और नागरिकों के मताधिकार की रक्षा के उद्देश्य से वोट बचाओ, देश बचाओ अभियान शुरू किया है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने वोट चोरी के मुद्दे को साक्ष्यों के साथ देश के सामने रखा है। इस पर गंभीरता से विचार करने और जवाबदेही तय करने की जरूरत है।

उन्होंने बताया कि कांग्रेस प्रखंड से लेकर जिला और प्रदेश स्तर तक बैठकें, प्रेस कॉन्फ्रेंस और जनजागरण कार्यक्रम आयोजित कर रही है। इन कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों और वोट चोरी के आरोपों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एक नवंबर को दिल्ली में होने वाली रैली में इंडिया गठबंधन के विभिन्न घटक दलों के नेता शामिल होंगे। यह आयोजन लोकतंत्र और मताधिकार की रक्षा के लिए विपक्षी दलों की साझा प्रतिबद्धता को सामने रखेगा।

एसआईआर पर उठ रहे सवालों का जवाब मिले: केशव महतो कमलेश

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा कि दिल्ली में इंडिया गठबंधन के नेताओं की बैठक में अभियान को लेकर विस्तृत रणनीति बनाई गई थी। इसी के तहत देशभर में कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। झारखंड से भी कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता दिल्ली की रैली में भाग लेंगे।

उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की लड़ाई तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर सवाल उठाने की लड़ाई है। मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियां कैसे हुईं और एसआईआर के दौरान किन परिस्थितियों में मतदाताओं के नाम प्रभावित हुए, इन सवालों का जवाब मिलना चाहिए। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया से जुड़ी कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।

चुनाव आयोग स्थिति स्पष्ट करे: राजेश ठाकुर

पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने कहा कि एसआईआर की प्रक्रिया को लेकर उठ रहे सवालों पर चुनाव आयोग को जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता और पारदर्शिता लोकतंत्र की बुनियादी जरूरत है। किसी भी पात्र नागरिक का नाम गलत तरीके से मतदाता सूची से नहीं हटना चाहिए और किसी को भी उसके मताधिकार से वंचित नहीं किया जाना चाहिए।

मुख्य चुनाव आयुक्त की भूमिका पर सवाल क्यों: सुबोधकांत सहाय

पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय ने कहा कि चुनाव आयोग एक संवैधानिक संस्था है, जिसकी जिम्मेदारी निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करना है। जब चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर सवाल उठ रहे हैं, तो आयोग को तथ्यों के साथ स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए, ताकि लोगों की शंकाओं का समाधान हो सके।